फ़ास्ट न्यूज़ इंडिया हिमाचल प्रदेश शिमला। राष्ट्रीय राज्य कर्मचारी महासंघ, हि० प्र० राज्य कर्मचारी महासंघ व हि ० प्र० राज्य पैन्शनर महांसघ ने हिमाचल सरकार को कर्मचारी, मजदूर, पैन्शनर विरोधी करार देते हुए सऱकार की जन विरोधी श्रमिक विरोधी नितियों की कड़ी निंदा की है। महासंघ के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं प्रभारी राज्य विपन डोगरा,राष्ट्रीय मन्त्री चमन लाल कलवान, हि० प्र० राज्य कर्मचारी महासंघ के प्रदेश सगंठन मन्त्री बृज लाल शर्मा, सह महामन्त्री नरेश कुमार शर्मा, पैन्शनर महासंघ के उपाध्यक्ष राजेन्द्र चौहान, वरिष्ठ उप प्रधान राम लाल शर्मा ने बताया की सरकार अपने कार्यकाल का 4 वर्ष पूर्ण करने जा रहा है। लेकिन कर्मचारियों की माँगें पूर्ण नहीं हो रही है। केन्द्र के समान मंहगाई भत्ता न मिलने के कारण कर्मचारीयों, पैन्शनरों को भारी आर्थिक कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। 2016 से वेतनमानों का वकाया एरियर लम्बित है ।
जयराम ठाकुर सरकार के समय तृतीय श्रैणी कर्मियों को पचास हजार व चतुर्थ श्रैणी को साठ हजार की एक एक किश्त मिली थी। चुनाव से पूर्व सरकार ने सभी वकाया समय से देने की घोषणा की थी जो अभी भी अधूरी है। पुरानी पैन्शन की गारन्टी पूर्ण करने का दावा सरकार कर रही है लेकिन ये गारन्टी भी अधूरी है। अभी भी बोर्डो निगमों में ओल्ड पैन्शन लागू नहीं हो रही है। 58 वर्ष की पक्की नौकरी का वायदा करने वाली सुखु सरकार ,मल्टी टास्क वकर्ज,मल्टी पस्पज,पैरा वर्करज,वन मित्र ,पशु मित्र व सहायक आदी के नाम से अस्थाई भर्तियाँ तो कर रही है। लेकिन नाम मात्र मानदेय दिया जा रहा है नियमितिकरण की कोई भी नीति न होने के कारण इन कर्मियों का भविष्य अधर में लटक गया है। आऊट सोरस कर्मचारी नीति बनाने के आश्वासनों से तंग आ चूके है। महासंघ ने सरकार को उनका वायदा याद दिलाते हुए कर्मचारियों, पैन्शनरों की केन्द्र के समान डीए,एरियर, मेडिकल बिल, पैन्शनरों की ग्रेजुअटी , लिव इन कैश मैन्ट व अन्य सभी देय अविलम्ब अदा करने की माँग की है।
बोडों निगमों के कर्मचारियों व जिन कर्मचारियों का नियमित सेवा काल 10 वर्ष से कम है उनका दैनिक कार्य काल न्यायालय के निर्णयानुसार जोड़ कर पैन्शन अदा करने की भी मॉग की है। महासंघ ने न्यूनतम वेतन मंहगाई सूचंकाक के अनुसार तय कर मल्टी टास्क,मल्टी परपज,पैरा पम्प आपरेटर,फिटर को दैनिक वेतन भोगी बनाकर न्यूनतम वेतन देने का भी आग्रह किया है। विभिन्न विकास खण्डों में कार्यरत सिलाई कटाई अघ्यापिकाओं को नियमित करने,राजस्व विभाग पटवार वृतों में कार्यरत कर्मियों का पदनाम पटवारी सहायक कर नियमित करने की भी माँग की है। पंचायत चौकिदारों के पद समाप्त करने के निर्णय को बदल कर उन्हें नियमित करने कि मांग भी महासंघ ने कि है।
सुपरवाईजर के रिक्त पदों पर आगनवाड़ी वर्करज को पदौन्नत करने के लिए शीघ्र डीपीसी करने कि भी सघं मॉग करता है। स्वास्थय विभाग में हैल्थ वर्करज की भर्ति करने व उसमें आशा वर्करज को भी कोटा प्रदान कर वरिष्ठता व योग्यता के अनुसार नियुक्त करने की भी महासंघ ने सरकार से माँग की है। विभिन्न विभागों,बोडोँ निगमों में करूणा मूलक के आद्यार पर मृत कर्मचारियों के आश्रितों को बिना शर्त रोजगार देकर लम्बित माँमलो का निपटारा करने की पुरजोर मांग की है। महासंघ ने सरकार से समय रहते कार्यवाही कर डीए व एरियर, मैडिकल बिलों का 15 अगस्त तक भुगतान करने के लिए अल्टीमेटम दिया है। अन्यथा सभी सगंठन मिल कर प्रदेश व्यापी संघर्ष को मजबुर होंगे। प्रदीप 151109037
