राज्य महिला आयोग के निर्देश पर जिला कारागार में स्वास्थ्य शिविर, 130 बंदियों की हुई जांच
फास्ट न्यूज इंडिया यूपी प्रतापगढ़। समाज के प्रत्येक वर्ग तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के उद्देश्य से जिला कारागार प्रतापगढ़ में एक विशेष निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य प्रतिभा कुशवाहा के निर्देशानुसार आयोजित इस शिविर में बंदियों के स्वास्थ्य की व्यापक जांच की गई। शिविर के दौरान नेत्र परीक्षण, चश्मा वितरण तथा ब्लड जांच जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई गईं, जिससे बड़ी संख्या में बंदियों को लाभ मिला। कारागार परिसर में आयोजित इस विशेष स्वास्थ्य शिविर में कुल 130 बंदियों की आंखों की जांच विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा की गई। जांच के दौरान कई बंदियों में दृष्टि संबंधी समस्याएं चिन्हित की गईं, जिन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श प्रदान किया गया। जिन बंदियों को चश्मे की आवश्यकता पाई गई, उन्हें चश्मे भी उपलब्ध कराए गए, जिससे उनके दैनिक जीवन और गतिविधियों में सुविधा मिल सके। इसके अतिरिक्त स्वास्थ्य परीक्षण के अंतर्गत पांच बंदियों के रक्त के नमूनों की जांच भी की गई। चिकित्सकों ने बंदियों के स्वास्थ्य संबंधी विभिन्न पहलुओं का परीक्षण करते हुए उन्हें आवश्यक सावधानियों और उपचार के संबंध में जानकारी दी। विशेषज्ञों ने बताया कि नियमित स्वास्थ्य जांच के माध्यम से बीमारियों की प्रारंभिक अवस्था में पहचान संभव होती है, जिससे समय रहते उपचार शुरू किया जा सकता है और गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से बचाव किया जा सकता है। शिविर के दौरान चिकित्सकों ने बंदियों को आंखों की देखभाल, व्यक्तिगत स्वच्छता, संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के संबंध में भी जागरूक किया। उन्होंने कहा कि कारागार में रहने वाले व्यक्तियों के लिए स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मन व्यक्ति के पुनर्वास और सुधार की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जेल प्रशासन ने बताया कि शासन की मंशा के अनुरूप बंदियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए समय-समय पर विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। कारागार में निरुद्ध व्यक्तियों को भी समाज के अन्य नागरिकों की तरह स्वास्थ्य संबंधी अधिकार प्राप्त हैं और उनकी चिकित्सा आवश्यकताओं का विशेष ध्यान रखा जाता है। इसी उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग एवं अन्य संबंधित संस्थाओं के सहयोग से ऐसे शिविरों का आयोजन किया जाता है। कार्यक्रम के दौरान जेल अधीक्षक ऋषभ द्विवेदी ने स्वास्थ्य शिविर के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बंदियों के स्वास्थ्य की नियमित निगरानी प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग की टीम और शिविर के आयोजन में सहयोग करने वाले सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर राज्य महिला आयोग सदस्य के व्यक्तिगत सहायक विनय कुमार शुक्ला, प्रोबेशन विभाग के अभय शुक्ला, डिप्टी जेलर सहित कारागार प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने इस पहल को बंदियों के स्वास्थ्य संरक्षण और कल्याण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। जिला कारागार में आयोजित यह स्वास्थ्य शिविर न केवल बंदियों को आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने में सहायक सिद्ध हुआ, बल्कि स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और मानवीय संवेदनाओं को मजबूत करने का भी माध्यम बना। स्थानीय स्तर पर इस पहल की सराहना की जा रही है और इसे कारागार सुधार एवं बंदी कल्याण की दिशा में सकारात्मक प्रयास माना जा रहा है। रिपोर्ट विशाल रावत 151019049
