स्वनिधि महोत्सव और लोक कल्याण मेलों के माध्यम से स्ट्रीट वेंडर्स को मिलेगा योजनाओं का लाभ
फास्ट न्यूज इंडिया यूपी प्रतापगढ़। अपर उपजिलाधिकारी/परियोजना अधिकारी डूडा सीमा भारती ने बताया है कि शहरी क्षेत्र के पथ विक्रेताओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने तथा उन्हें विभिन्न सामाजिक सुरक्षा एवं कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना के अंतर्गत जनपद में एक माह का विशेष अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने बताया कि आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के निर्देशानुसार 01 जून से 30 जून 2026 तक विशेष अभियान का आयोजन किया जा रहा है। इस दौरान योजना की पहुंच को अंतिम व्यक्ति तक सुनिश्चित करने तथा अधिक से अधिक पथ विक्रेताओं को लाभान्वित करने के लिए जनपद एवं नगर निकाय स्तर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। अभियान के तहत जनपद स्तर पर ‘स्वनिधि महोत्सव’ का आयोजन होगा, जिसमें योजना से लाभान्वित स्ट्रीट वेंडर्स एवं उनके परिवारों की सफलता की कहानियों को साझा किया जाएगा। इसके साथ ही योजना के प्रति जागरूकता बढ़ाने तथा नए लाभार्थियों को जोड़ने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। वहीं नगर निकाय स्तर पर ‘लोक कल्याण मेले’ आयोजित किए जाएंगे, जहां पथ विक्रेताओं को ऋण सुविधा, क्रेडिट कार्ड, डिजिटल भुगतान प्रणाली, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं और अन्य सरकारी कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने की व्यवस्था की जाएगी। इसके अतिरिक्त बैंकर्स एवं स्ट्रीट वेंडर्स की बैठकें आयोजित कर उनकी समस्याओं का समाधान भी कराया जाएगा। परियोजना अधिकारी ने बताया कि ‘स्वनिधि से समृद्धि’ कार्यक्रम के तहत लाभार्थियों को प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जनधन योजना, पीएम श्रम योगी मानधन योजना, वन नेशन-वन राशन कार्ड, जननी सुरक्षा योजना तथा प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना सहित आठ प्रमुख केंद्रीय योजनाओं से जोड़ा जाएगा। उन्होंने बताया कि पीएम स्वनिधि योजना के अंतर्गत पात्र पथ विक्रेताओं को प्रथम चरण में 15 हजार रुपये, द्वितीय चरण में 25 हजार रुपये तथा तृतीय चरण में 50 हजार रुपये तक का कार्यशील पूंजी ऋण उपलब्ध कराया जाता है। ऋण प्राप्त करने के लिए किसी प्रकार की गारंटी या बंधक की आवश्यकता नहीं होती। समय से अथवा समय पूर्व ऋण चुकाने वाले लाभार्थियों को 7 प्रतिशत ब्याज सब्सिडी का लाभ भी प्रदान किया जाता है। इसके अलावा डिजिटल लेन-देन को प्रोत्साहित करने के लिए लाभार्थियों को प्रतिमाह 100 रुपये तक तथा प्रतिवर्ष 1200 रुपये तक कैशबैक की सुविधा भी दी जाती है। प्रथम ऋण की समयबद्ध अदायगी करने वाले लाभार्थियों को अधिक राशि का अगला ऋण प्राप्त करने का अवसर मिलता है। रिपोर्ट विशाल रावत 151019049
