फास्ट न्यूज इंडिया यूपी प्रतापगढ़। जिला कारागार के जेल अधीक्षक ऋषभ द्विवेदी ने बताया है कि सिद्धदोष बंदी राधेश्याम आयु लगभग 72 वर्ष पुत्र राम खेलावन निवासी-गोगौर थाना-बाघराय जनपद-प्रतापगढ़ अ0सं0-146/1982 धारा-147,149,323,325,302 आईपीसी थाना-बाधराय जनपद-प्रतापगढ़ को दिनांक 18 जुलाई 1983 को मा० न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष सं०-03 प्रतापगढ़ द्वारा आजीवन कारावास की सजा से दण्डित किया गया था उक्त बन्दी दिनांक 26 मई 2026 को आजीवन कारावास की शेष सजा को काटने हेतु मा० न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष सं0-04 प्रतापगढ द्वारा जिला कारागार प्रतापगढ़ में भेजा गया था। बन्दी राधेश्याम को पूर्व में ही पलमोनरी टीबी हुयी थी कारागार में दाखिल होने के पूर्व से ही बन्दी सांस की बीमारी (सीओपीडी) से ग्रसित था। बन्दी राधेश्याम को कारागार में दाखिल होने के दिनांक 26 मई 2026 से ही कारागार चिकित्सालय में भर्ती रखकर इलाज किया जा रहा था। बन्दी दिनांक 03 जून 2026 को कारागार बन्द होते समय सामान्य रूप से बन्द हुआ था तथा आज दिनांक 04 जून 2026 को प्रातःकाल कारागार खुलते समय सामान्य रूप से खुला था। खुलने के थोडी देर बाद बन्दी को समस्या हुयी। तत्काल कारागार चिकित्साधिकारी द्वारा प्राथमिक उपचार देते हुये बन्दी को आक्सीजन पर शिप्ट किया गया तथा वांछित लाभ न होने के कारण तत्काल जिला चिकित्सालय प्रतापगढ हेतु संदर्भित किया गया। बन्दी को तत्काल जेल गार्ड की अभिरक्षा में जेल एम्बुलेंस से जिला चिकित्सालय प्रतापगढ़ भेजा गया। जिला चिकित्सालय प्रतापगढ़ के इमरजेंसी एवं टीबी के चिकित्सक द्वारा बन्दी की जाँच की गयी तथा बन्दी को समय प्रातः लगभग 06ः56 बजे मृत घोषित कर दिया गया। नियमानुसार निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार पंचायतनामा एवं पोस्टमार्टम की कार्यवाही की जा रही है। रिपोर्ट विशाल रावत 151019049
