एम्स थाना क्षेत्र के रामूडीहा में मंगलवार दोपहर गेहूं के डंठलों में लगी आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। इससे दो युवक, एक छात्र और दो छात्राएं गंभीर रूप से झुलस गईं। आग रामूडीहा से फैलकर कई गांवों तक पहुंच गईं। सूचना पर जब तक फायर ब्रिगेड की टीम पहुंची आग से हजारों का सामान जल चुका था।
सूचना पर एसडीएम सदर दीपक कुमार गुप्ता, सोनबरसा चौकी प्रभारी नितेश कुमार राय, हलका लेखपाल मोहन कुमार व पुलिस बल मौके पर पहुंचा और घायलों को अस्पताल भिजवाया।
जानकारी के अनुसार, पिपराइच क्षेत्र के बसडीला रौसढ़ में गेहूं के डंठलों में लगी आग तेज हवा के चलते रामूडीहा के सीवान तक पहुंच गई और देखते ही देखते विकराल हो गई। इसी दौरान स्कूल से घर लौट रहे रामूडीहा निवासी छात्र आयुष उर्फ बिल्लू (7), छात्रा शिवांगी (8) और काजल (9) आग की चपेट में आ गईं।
गांव के ही निवासी दिलीप कुमार (25) ने जान जोखिम में डालकर बच्चों को आग से बचाया। इस दौरान वह खुद भी झुलस गए। वहीं, रामू यादव (17) भी आग की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें परिजन गोरखपुर के एक निजी अस्पताल ले गए।
आग की चपेट में आने से कपिलदेव ओझा का टिनशेड मकान जलकर राख हो गया। इससे चौकी, बर्तन, राशन, अनाज, गद्दा, कपड़े समेत करीब 20 हजार रुपये का सामान नष्ट हो गया। इसके अलावा रमाशंकर ओझा की बांस की कोठी भी जल गई। आग की लपटें रामूडीहा से आगे बढ़ते हुए रामपुर बुजुर्ग तक पहुंच गईं, जहां ग्रामीणों ने नहर से पानी लाकर आग बुझाने की कोशिश की और गांव को बचा लिया।
हालांकि आग आगे बढ़ते हुए पिपराइच क्षेत्र के रसूलपुर और सुरसर देवरी होते हुए कुशीनगर जिले तक पहुंच गई। स्थानीय लोगों ने आग लगने की सूचना फायर ब्रिगेड को दी। करीब दो घंटे बाद दमकल की गाड़ी मौके पर पहुंची। तब तक आग कई गांवों को अपनी चपेट में लेते हुए आगे बढ़ चुकी थी।
रिपोर्टर फूलमती मौर्य 151188511
