फास्ट न्यूज इंडिया आलीराजपुर। भारत की जनगणना 2027 के सफल क्रियान्वयन एवं स्व-गणना के प्रचार-प्रसार को लेकर कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में बैठक एवं प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री नागर सिंह चौहान उपस्थित रहे। बैठक में जनगणना अधिकारी ने जानकारी देते हुए बताया कि इस बार की जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से की जाएगी। जनगणना 2027 के प्रथम चरण में 1 मई से 30 मई 2026 तक मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का कार्य किया जाएगा, जबकि द्वितीय चरण फरवरी 2027 में संपन्न होगा। इस बार विशेष रूप से आम नागरिकों को पहली बार स्व-गणना का विकल्प दिया गया है। इसके तहत 16 अप्रैल से 30 अप्रैल 2026 तक नागरिक स्व-गणना वेब पोर्टल एवं मोबाइल ऐप (HLO ऐप) के माध्यम से अपनी जानकारी स्वयं दर्ज कर सकते हैं। स्व-गणना पोर्टल पर किस प्रकार स्वयं की गणना की जा सकती है, इसके लिए एक उदाहरण भी वीडियो के माध्यम से बैठक में दिखाया गया। बैठक में आगे बताया गया कि स्व-गणना के पश्चात 1 मई से घर-घर जाकर मकान सूचीकरण का कार्य किया जाएगा, जिसके लिए तहसील एवं नगर परिषद स्तर पर प्रगणकों और सुपरवाइजरों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री नागर सिंह चौहान ने कहा कि जनगणना राष्ट्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण कार्य है और इसके आंकड़ों के आधार पर ही जनकल्याणकारी योजनाएं बनाई जाती हैं। इसलिए सभी अधिकारी, कर्मचारी और जनगणना में लगे सभी लोग इस कार्य को गंभीरता से करना सुनिश्चित करें। कलेक्टर नीतू माथुर ने जनप्रतिनिधियों और पत्रकारों से अपील की कि वे स्वयं स्व-गणना करें और आम जनता को भी इसके लिए प्रेरित करें, ताकि इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य में अधिक से अधिक सहभागिता सुनिश्चित हो सके। बैठक में जनगणना प्रक्रिया से संबंधित सुझाव और समस्याओं के समाधान पर भी चर्चा की गई। इस दौरान जिला पंचायत सीईओ संघमित्रा गौतम, संयुक्त कलेक्टर मनोज गरवाल, जिला अध्यक्ष मकू परवाल, अनुविभागीय अधिकारी निधि मिश्रा, जनगणना कार्य निदेशालय मध्यप्रदेश से नियुक्त जिला प्रभारी सिद्धार्थ गोयल, जिले के संचार साथी सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। पायल बघेल 151172231