राज्यसभा में विपक्ष के उपनेता ने नक्सलवाद व सांप्रदायिकता के मुद्दे पर भाजपा पर किया जोरदार हमला
फास्ट न्यूज इंडिया यूपी लालगंज, प्रतापगढ़। राज्यसभा में विपक्ष के उपनेता प्रमोद तिवारी ने अर्थव्यवस्था के क्षेत्र मे मोदी सरकार की लगातार असफलता को देश के लिए नुकसानदायक करार दिया है। उन्होने कामर्शियल पीएनजी की दरों में पन्द्रह प्रतिशत तक की बढोत्तरी को सार्वजनिक क्षेत्र के लिए मंहगाई की वृद्धि में एक और पीड़ाजनक कदम कहा है। वही सांसद प्रमोद तिवारी ने रूपये की लगातार गिरती कीमत को भारतीय अर्थव्यवस्था के बुनियादी ढांचे को भी बर्बाद करने वाला काला अध्याय करार दिया है। सांसद प्रमोद तिवारी ने नक्सलवाद को लेकर भाजपा के दावों की घेराबंदी करते हुए कहा कि देश के सामने तो सच्चाई यही है कि नक्सलवाद के खात्मे को लेकर कांग्रेस ने अपने कई शीर्ष नेताओं का बलिदान दिया था। बतौर उदाहरण सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि छत्तीसगढ़ के सर्वोच्च नेतृत्व रहे स्व0 विद्याचरण शुक्ल सहित कांग्रेस के कई शीर्ष नेताओं का नक्सलवाद के खिलाफ संघर्ष में शहीद होना इसका जीता जागता प्रमाण है। उन्होने भाजपा को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि कड़वी सच्चाई यह है कि जितना खतरनाक जहर देश के लिए नक्सलवाद है उतना ही खतरनाक जहर सांप्रदायिकता भी है। उन्होने कहा कि नक्सलवाद को समूल रूप से नष्ट होना चाहिए। सांसद प्रमोद तिवारी ने तंज कसा कि नक्सली जंगलों में रहकर नक्सलवाद को अंजाम देते हैं पर भाजपा शहरों, गांवों और घर घर में सांप्रदायिकता का जहर घोल रही है। उन्होने कहा कि कांग्रेस संसद से लेकर सड़क तक भाजपा की थोपी सांप्रदायिकता को जड़ से समाप्त करने के लिए संघर्ष जारी रखेगी। भाजपा सांसद निशिकांत दुबे के द्वारा पं0 जवाहर लाल नेहरू और बीजू पटनायक से जुडे ताजा बयान को लेकर सांसद प्रमोद तिवारी ने उनके बयान को पूरी तरह स्तरहीन, आधारहीन और घटिया बयानबाजी करार दिया। उन्होने कहा कि यदि आज दो तिहाई काश्मीर बचा है तो उसमें बीजू पटनायक का अहम योगदान है। कांग्रेस संासद प्रमोद तिवारी के मुताबिक भारत-पाकिस्तान के बंटवारे के समय पाकिस्तानी कबायली जब घुसते हुए श्रीनगर के हवाई अडडे की तरफ बढ़ रहे थे तब सभी पायलट जबाब भी दे गये थे। उन्होने कहा कि उस समय सैन्य दल को तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू के निर्देश पर बीजू पटनायक को पायलट के रूप में काश्मीर में उतारा गया था। उन्होने कटाक्ष किया कि निशिकांत दुबे जैसे भाजपा के नेता को मालूम होना चाहिए कि उनके मातृ संगठन ने आजादी की लड़ाई में अंग्रेजों की सेना में भर्ती होने के लिए पत्र लिखा था। सांसद प्रमोद तिवारी ने तल्ख लहजे में कहा कि ऐसी पार्टी के नेता को ऐसा बयान देते हुए शर्म महसूस करते हुए पहले अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। असम में भाजपा के घोषणा पत्र का प्रतिक्रिया देते हुए सांसद प्रमोद तिवारी ने इसे झूठ का पुलिन्दा करार दिया। उन्होने इस पर भी तंज कसते हुए कहा कि यदि झूठ का भारत रत्न किसी को दिया जा सकता है तो वह भाजपा व उसके नेतृत्व को ही दिया जा सकता है। उन्होने कहा कि चुनाव के समय सच्चाई से दूर घोषणा पत्र जारी करने वाली भाजपा पहले देश की जनता को बताए कि आखिर प्रति व्यक्ति पन्द्रह लाख रूपये तथा बेरोजगारों को प्रति वर्ष दो करोड़ रोजगार एवं विदेशों से काला धन लाने का उसका वायदा झूठ का झूठ ही तो साबित हुआ। उन्होने कहा कि भाजपा चुनाव के समय झूठे वायदो के जरिए जनता के साथ विश्वासघात करती आ रही है। सांसद प्रमोद तिवारी का बयान मंगलवार को मीडिया प्रभारी ज्ञानप्रकाश शुक्ल के हवाले से निर्गत हुआ है। रिपोर्ट विशाल रावत 151019049
