गोरखपुर। डंपर से हो रहीं लगातार दुर्घटनाओं और मौतों को लेकर प्रशासन सख्त हो गया है। शुक्रवार को कमिश्नर ने हाईवे पर अवैध कट को बंद कर डिवाइडर को दुरस्त करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही वहां पथ प्रकाश की व्यवस्था और सीसीटीवी कैमरे भी लगाने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया।
बृहस्पतिवार को जंगल कौड़िया-कालेसर मार्ग पर जमुआड़ गांव के पास डंपर की चपेट में आने से शिक्षक आशुतोष कुमार गुप्ता की दर्दनाक मौत हो गई थी। इस घटना के बाद शुक्रवार को कमिश्नर अनिल ढींगरा मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उनके साथ डीआईजी एस चनप्पा, डीएम दीपक मीणा, एसएसपी डॉ. कौस्तुभ, संभागीय परिवहन अधिकारी संजय झा सहित कई प्रशासनिक और विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।
अधिकारियों ने दो दिन पूर्व खोराबार थाना क्षेत्र के सिक्टौर में हुई एक अन्य दुर्घटना स्थल का निरीक्षण किया। रामपुर डाढ़ी गांव में बुधवार को शोक की लहर दौड़ गई, जब सड़क हादसे में जान गंवाने वाले नवविवाहित दंपति के शव पोस्टमार्टम के बाद घर पहुंचे। पति-पत्नी की एक साथ उठी अर्थियों ने पूरे गांव को गमगीन कर दिया। निरीक्षण के बाद कमिश्नर ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सड़क पर अवैध रूप से बनाए गए कट और डिवाइडर को तत्काल ठीक कराया जाए। साथ ही सड़क पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था और विभिन्न स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं।
सड़क पर पड़ी बजरी और मिट्टी को जल्द हटाने के भी निर्देश दिए गए, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका कम हो सके। अवैध खनन पर रोक लगाने के लिए डीएम को खनन, परिवहन और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम बनाकर रात में सघन चेकिंग अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। परिवहन विभाग को बिना नंबर प्लेट वाले डंपरों को जब्त करने और चालकों के लाइसेंस व आयु की जांच करने को कहा गया।
इसके अलावा नशे में वाहन चलाने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई, संवेदनशील स्थानों पर ब्लिंकिंग लाइट लगाने और रात में नियमित पुलिस पेट्रोलिंग सुनिश्चित करने के भी निर्देश जारी किए गए। रिपोट - जसवीर मोदनवाल 151167985
