फ़ास्ट न्यूज़ इंडिया यूपी कासगंज। देश में सोने और चांदी की आसमान छूती कीमतों और बाजार में बढ़ती सट्टेबाजी को लेकर सर्राफा व्यापारियों में भारी आक्रोश है। जिला सर्राफा एसोसिएशन, कासगंज के तत्वावधान में व्यापारियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के नाम एक ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा। इस विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व जिला महामंत्री दीपक गुप्ता सर्राफ और जिला अध्यक्ष अनुरुद्ध पलतानी ने किया।
ज्ञापन के माध्यम से व्यापारियों ने केंद्र सरकार से मांग की है कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए राहत के कड़े कदम उठाए जाएं। व्यापारियों की मुख्य मांगें निम्नलिखित हैं जैसे
सोने-चांदी पर वर्तमान 3% जीएसटी को घटाकर 1% किया जाए। एमसीएक्स पर होने वाली अनियंत्रित सट्टेबाजी पर सख्त नियंत्रण लगाया जाए, जिससे कीमतों में कृत्रिम उछाल को रोका जा सके। सोने के आयात शुल्क में कटौती की जाए या इसे नगण्य किया जाए। आभूषणों को विशेष राहत श्रेणी में रखते हुए मकान और वाहन की तरह किस्तों पर उपलब्ध कराने की व्यवस्था हो।
जिला महामंत्री दीपक गुप्ता सर्राफ ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान में सोना ₹1,62,000 प्रति दस ग्राम और चांदी ₹3,33,000 प्रति किलोग्राम को पार कर चुकी है। उन्होंने कहा, "सोना-चांदी अब सांस्कृतिक वस्तु न होकर सट्टेबाजी का साधन बन गए हैं। सामान्य नागरिक मुनाफे के चक्कर में अपनी जमीन-जायदाद बेचकर इस सट्टेबाजी में बर्बाद हो रहे हैं।"नेताओं का कहना है कि बढ़ती कीमतों के कारण मध्यम वर्गीय जनता शादियों के लिए खरीदारी नहीं कर पा रही है, जिससे शादियां टल रही हैं। छोटा सर्राफा व्यापारी अपनी पूंजी और रोजगार दोनों खोने की कगार पर है। यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो देश का स्थानीय सर्राफा बाजार समाप्त हो जाएगा और लाखों लोग बेरोजगार हो जाएंगे।
ज्ञापन सौंपने वालों में मुख्य रूप से जिला प्रभारी राजेंद्र गुप्ता, जिला प्रबंधक सुरेंद्र माहेश्वरी, विपुल गर्ग, राजकुमार जाखेटिया, रोहताश यादव, ललित बिड़ला, मयंक महेश्वरी, कपिल लाहोटी, विनय वर्मा, अतीक अहमद, योगेश चंद्र गौड़, प्रदीप गुप्ता सहित बड़ी संख्या में सर्राफा व्यवसायी उपस्थित रहे। रिपोर्ट संजय सिंह 151110069
