फ़ास्ट न्यूज़ इंडिया यूपी, कुसम्ही बाजार l गोरखपुर के वरिष्ठ प्रधानाचार्य और उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड के पूर्व सदस्य डॉ. दिनेश मणि त्रिपाठी ने यूपी बोर्ड से प्री-बोर्ड परीक्षाओं को मुख्य बोर्ड परीक्षा की तर्ज पर आयोजित करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष बोर्ड से प्रश्नपत्र मिलने के कारण प्री-बोर्ड परीक्षाएँ पहले से अधिक गंभीरता से ली जा रही हैं। डॉ. त्रिपाठी ने सुझाव दिया कि यदि बोर्ड द्वारा प्रश्नपत्रों के साथ-साथ उत्तरपुस्तिकाएँ भी उपलब्ध कराई जाएँ और मुख्य बोर्ड परीक्षा की तरह ही पूरा प्रशासनिक अमला सक्रिय हो जाए, तो प्री-बोर्ड परीक्षाओं की उपयोगिता काफी बढ़ जाएगी। इससे विद्यार्थियों को बहुत लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि इस बार प्री-बोर्ड परीक्षा का स्वरूप पहले की तुलना में अधिक गंभीर दिख रहा है, जिसका मुख्य कारण बोर्ड से प्रश्नपत्रों का आना है। यदि प्रशासनिक तंत्र प्री-बोर्ड के दौरान भी सक्रिय रहे, तो यह बच्चों को मुख्य परीक्षा में पूरी एकाग्रता से प्रश्न हल करने और अच्छे अंक प्राप्त करने में मदद करेगा। डॉ. त्रिपाठी ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में कई प्रयोग हो रहे हैं। यदि परीक्षा संबंधी यह प्रयोग भी किया जाता है, तो विद्यार्थियों की प्रतिभाएँ और निखर कर सामने आएंगी, जिससे वे बोर्ड परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन कर सकेंगे। डॉ. त्रिपाठी ने यूपी बोर्ड के सचिव श्री भगवती सिंह से दूरभाष पर बात की। उन्होंने सुझाव दिया कि अगले सत्र से प्री-बोर्ड परीक्षा को और व्यापक स्तर पर मुख्य परीक्षा की भांति आयोजित किया जाए। सचिव श्री भगवती सिंह ने डॉ. त्रिपाठी को आश्वासन दिया कि अगले सत्र से इसे बेहतर स्वरूप दिया जाएगा, ताकि छात्र इससे लाभान्वित हो सकें और मुख्य परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त कर सकें।
