यूपी जिला सोनभद्र के विकासखंड कोन अंतर्गत ग्राम किशुनपुरवा एवं पीपरखड़ को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग पर पांडू नदी पर शासन द्वारा पुलिया निर्माण की स्वीकृति प्रदान की गई थी, जिससे ग्रामीणों का आवागमन सुगम हो सके। निर्माण कार्य प्रारंभ भी किया गया, किंतु दुर्भाग्यवश विगत कई वर्षों से यह कार्य आज तक पूर्ण नहीं हो सका है।
वर्तमान स्थिति यह है कि पुलिया के केवल पायों (पिलरों) का ही निर्माण हो पाया है, जबकि उस पर ढलाई एवं ऊपरी संरचना का कार्य नहीं किया गया। अधूरा निर्माण होने के कारण ग्रामीणों को आज भी भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है तथा बरसात के समय संपर्क पूर्णतः बाधित हो जाता है।
यदि शासन द्वारा केवल पिलरों के निर्माण हेतु ही धनराशि स्वीकृत की गई थी, तो यह तथ्य सार्वजनिक किया जाना चाहिए। किंतु यदि संपूर्ण पुलिया निर्माण के लिए बजट आवंटित हुआ था, तो फिर आज तक कार्य अधूरा क्यों है? यह गंभीर जांच का विषय है।
इस संदर्भ में यह स्पष्ट किया जाना आवश्यक है कि—
-
निर्माण कार्य में विलंब के लिए जिम्मेदार कौन है?
-
दोष ठेकेदार का है या संबंधित विभागीय अधिकारियों का?
-
क्या आवंटित धनराशि का दुरुपयोग या लापरवाही हुई है?
ग्रामीणों की मांग है कि इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए, दोषियों पर कार्रवाई हो तथा पुलिया निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण कराया जाए। देखे सोनभद्र से रोहन कुमार की रिपोट

20260115162635942132411.mp4