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ऐसा अंत तो किसी का न हो जैसा शशि कपूर और उनकी बीवी जेनिफर का हुआ।
  • 151168597 - RAJESH SHIVHARE 2 2
    18 Nov 2024 17:30 PM



60 और 70 के हिंदी सिनेमा पर राज करने वाले शशि कपूर को भला कौन भूल सकता है बस लिखे जो खाट तुझे वो तेरी याद में गीत सुने दी जाए तो शशि का खेल खिलता चेहरा सामने ए जाता है उनकी विदेशी पत्नी जेनिफर भी गजब की एक्टिंग किया करती थी। दोनों थिएटर के मजे हुए अदाकार हुआ करते और हिंदी फिल्मों में भी साथ कम किया मगर दोस्तों क्या आपको पता है शशि कपूर और जेनिफर की जिंदगी का अंत कितना दर्दनाक था चलिए हम आपको दोनों की मोहब्बत से लेकर इनकी दर्दनाक निधन का पूरा सच बताते हैं। दोनों का अंत जानकर आप चौक उठाएंगे सबसे पहले बात करते हैं जेनिफर कैंडल कपूर की जानी 28 फरवरी 1934 को इंग्लैंड में पैदा हुई थी इसी देश में बचपन से लेकर पढ़ाई लिखी सब हुई इनके पिता जैफ्री कैंडल और माल लौरा रंगमंच से जुड़े हुए थे दोनों एक मूविंग थिएटर चलाया करते जो अलग-अलग देश में जाकर नाटक प्रस्तुत करता नाम था शेक्सपियर आना थिएटर 50 के दशक की बात है जान के मां-बाप ने भारत में भी थिएटर करने का फैसला किया जेनिफर से पूछा तो उन्होंने इंग्लैंड में ही रहने की बात कहीं मां आप जेनी को वहीं एक रिश्तेदार के घर छोड़कर मुंबई यानी मुंबई चले आए।

1955 के आसपास जेनिफर को अकेलापन महसूस हुआ तो उन्होंने भी भारत में माता पिता के साथ आने का इरादा कर लिया और मुंबई चली आई यही पर वह अपने पिता के थिएटर में अपनी छोटी बहन के साथ अदाकारी करने लगी फिर एक दिन उनके जीवन में वह इंसान आया जिसकी वजह से जेनी भारतीय ही बन गई। वो थे शशि कपूर अब दोनों की पहले मुलाकात कैसे हुई ये बताते हैं शशि कपूर अभिनय सीखने के लिए बहुत पहले ही शेक्सपियर आना थिएटर ग्रुप से जुड़ चुके थे तब जेनी भारत भी नहीं आई थी 1956 की बात है एक नाटक शुरू होने वाला था शशि उसका हिस्सा थे वह मंच के किनारे खड़े थे की अचानक उनकी नजर इस कर और बड़े-बड़े झुमके पहने एक खूबसूरत लड़की पर पड़ी वह दर्शकों के बीच बैठी हुई मुस्कुरा रही थी शशि को पहले ही नजर में उससे प्यार हो गया वह जेनिफर थी। नाटक खत्म हुआ तो शशि ने पता लगाया की थिएटर में नई विदेशी लड़की कौन आई है पता लगा की यह तो इस थिएटर मलिक की बेटी है जिसमें वो कम करते थे खैर कुछ दोनों बाद थिएटर के नैटको में दोनों साथ ही एक्टिंग करने लगे तो दोस्ती हो गई ये दोस्ती ही धीरे-धीरे प्यार में बादल गई दोनों ने शादी का फैसला कर लिया।

लेकिन जेनिफर का परिवार इस रिश्ते के लिए राजी नहीं था उन दोनों शशि खास कमाते नहीं थे तो जेनी के प्रताप बेटी की शादी ऐसे लड़के से नहीं करना चाहते थे मगर जैनिनी ने घरवालों से बगावत कर दी और 1958 में खुद से 4 साल छोटे शशि कपूर से शादी कर ली दोनों के तीन बच्चे हुए दो बेटे कुणाल वी करण और एक बेटी संजना शादी के बाद जेनिफर कई फिल्मों में नजर आई। जैसे 1961 में आई सप्तपदी 1970 में आई मुंबई टॉकी 1978 में आई जुनून जिसमें शशि भी जावेद खान की भूमिका में थे वहीं 1982 में एक फिल्म आई 36 चौरंगी लेने जिसके लिए उनको बेस्ट एक्ट्रेस का पुरस्कार तक मिला था दोस्तों वह जेनिफर ही थी जिन्होंने शशि के साथ मिलकर अपनी अंतिम सांसें गिनते पृथ्वी थिएटर को दोबारा जिंदा किया था मगर कौन जानता था। इतनी जिंदादिल अभिनेत्रीअंट इतना दर्दनाक होगा 1982 की बात है जेनिफर को पाचन से जुड़ी तकलीफ होने लगी कुछ भी खातिर वो पछता ही नहीं था पेट में दर्द होना शुरू हो जाता तकलीफ बड़ी तो फैमिली डॉक्टर को बुलाया गया उन्होंने चेक किया और बोले अंबा का इंफेक्शन यानी अभी-अभी सर है खैर इलाज शुरू हुआ और चला रहा।

साल भर के बाद जब हालात और खराब होने लगे तो 1983 में डॉक्टर ने कई सारे चेकअप करवाएं रिपोर्ट आई तो हर कोई चौक उठा सिर्फ 48 साल की जेनिफर को अंबा का इंफेक्शन नहीं बल्कि हाथों का खतरनाक कैंसर था और किसी को पता ही नहीं था यह खबर जैसे ही जेनिफर को हुई वह पुरी तरह से टूट गई जान के दोस्त हुआ करते थे मशहूर पत्रकार अनिल धार कर सबसे पहले ज्ञानी ने रोटी हुए अपने कैंसर की खबर अनिल को ही दी थी। तब जाकर दुनिया को पता लगा की जान किस खतरनाक बीमारी से जोंच रही थी खैर शशि कपूर ने उनको टाटा मेमोरियल हॉस्पिटल में भारती करवाया डॉक्टर ने फौरन ऑपरेशन करने का फैसला किया ऑपरेशन भी हो गया अब लगा सब ठीक हो जाएगा उनकी हालात भी सुधारने लगी 1984 की बात है जेनिफर अपने मां-बाप के घर लंदन गई हुई थी यहां अचानक उनको दोबारा पेट में दर्द होने लगा।

इस बार वहां चेकअप करवाया तो पता लगा ठीक नहीं हुआ था बल्कि वह तो शरीर में और भी ज्यादा फेल गया था और उनको लंदन के अस्पताल में भारती करवाया गया यहां दिन-ब-दिन जेनिफर की हालात बिगड़ी जा रही थी दर्द से करना और तड़पना आम हो गया चने लगी थी। आखिरकार 7 सितंबर 1984 के दिन 49 साल की जेनिफर की कैंसर से तड़पते हुए दर्दनाक मौत हो गई कुछ ऐसा ही अंत शशि कपूर का भी हुआ वही शशि जिनका डायलॉग मेरे पास मां है आज भी लोगों को याद है वही शशि कपूर जिनकी फिल्म कन्यादान का गीत लिखे जो खत तुझे आज भी लोग गुनगुनाया करते हैं वो ही शशि जो 60 और 70 के दशक में लाखों दिलों पर राज किया करते थे पृथ्वीराज कपूर के सबसे छोटे बेटे राज कपूर और शम्मी कपूर के सबसे छोटे भाई शशि 18 मार्च 1938 के दिन पैदा हुए।

शशि कपूर के हिस दोनों भाइयों से ज्यादा संघर्ष आया खुद अपनी र बनानी थी शेक्सपियर आना थिएटर ग्रुप में नौकरी करने लगे शशि कपूर ने करियर के शुरुआत कई फ्लॉप फिल्मों से की वो बस हिंदी फिल्मों से गायब होने ही वाले थे की अचानक एक ऑफर ने जिंदगी बादल डाली 1963 64 के आसपास की बात है प्रोड्यूसर चेतन के नंदा के साथ फिल्म बना रहे थे उन्होंने शशि को बुलाया और बोले एक नव चलने वाले गरीब कश्मीरी का किरदार है करोगे शशि ने हां तो कर दी लेकिन कौन जानता था आगे क्या होने वाला था 1965 में फिल्म आई नाम था जब-जब फूल किले कश्मीरी नाव राजा के किरदार में शशि और अमीर लड़की के रोल में नंदा दोनों की जोड़ी ने धमाल मचा दिया फिल्म के तीन गीतों नाना करते प्यार तुम्ही से कर बैठे परदेसियों से ना अखियां मिलन और एक था गुल और एक थी धड़कन लोगों के जुबान पर छ गए 60 के दशक में शशि रोमांटिक हीरो बनकर उभर मोहब्बत इसको कहते हैं नींद हमारी ख्वाब तुम्हारे राजा साहब और रूठा एन करो जैसी रोमांटिक फिल्मों में नंदा और शशि की जोड़ी ने बॉलीवुड में धमाल मचा दिया था।

फिर 70 का दशक आया 1971 में राखी के साथ फिल्म आई शर्मीली सुपर हिट अब राखी के साथ इनकी जोड़ी बन गई जैसे जानवर और इंसान कभी कभी बसेरा से लेकर तृष्णा एक और हीरोइन के साथ शशि की जोड़ी खूब कमल करती थी वो थी शर्मिला टैगोर 1965 में आई वक्त फिल्म से बनी है जोड़ी फिर आमने सामने सुहाना सफर आज गले लग जा और पाप और पूर्ण जैसी फिल्मों से धूम मचाती रही रोमांटिक हीरो के रूप में मशहूर हुए शशि की जोड़ी अमिताभ बच्चन के साथ बड़ी हिट थी। दीवार फिल्म में शशि कपूर का डायलॉग मेरे पास मां है तो कुछ भी लोग भूल एन सके वैसे कम ही लोगों को पता होगा की अमिताभ के ऊपर शशि का ऐसा एहसान था जी वजह से अमिताभ अपने फिल्म में डायरेक्टर से शशि को जरूर लेने की ज़िद करते थे हुआ यह था की एक फिल्म की शूटिंग चल रही थी रॉक होटल की 18वीं मंजिल पर फिल्म में शशि और अमित दोनों शूटिंग कर रहे थे।

अचानक अमिताभ बच्चन को अस्थमा का गंभीर अटैक पद गया वो सांस नहीं ले का रहे थे अचानक सांस के लिए छटपटाते हुए अमिताभ खिड़की की और दौड़ने लगे खिड़की में ग्रिल नहीं लगी थी और अचानक लड़खड़ाते हुए अमिताभ उसे दिन खिड़की से नीचे गिर सकते थे मगर और वक्त पर शशि कपूर ने उनका हाथ पकड़ कर पीछे खींच लिया था इस दिन से अमित ने उनका जिंदगी भर के लिए एहसान लिया था। मगर दोस्तों बॉलीवुड के इस रोमांटिक सुपरस्टार का दर्दनाक अंत जानकर आप हैरान हो जाएंगे शशि कपूर का बड़ा वक्त शुरू हुआ तब जब पत्नी जेनिफर की कैंसर से मौत हो गई अगस्त 1984 में शशि ने उत्सव नाम की फिल्म में सर पैसा लगा दिया था। वह फिल्म सुपर फ्लॉप हो गई और एक झटका में शशि को कंगाल कर गई बर्बादी के गम में दुबे शशि को अगले ही महीने एक और बड़ा दर्द मिल गया वो था पत्नी जेनिफर की कैंसर से दर्दनाक मौत का कंगाली के गम से वो ओवर भी जाते लेकिन पत्नी की मौत के शोक ने उनको अंदर से तोड़ डाला शशि डिप्रेशन में चले गए।

दिन रात शराब पीते रहे आलम यह था की सुबह उठाते ही शराब पीना शुरू करते और नौकरों को आदेश था की ग्लास खत्म होने से पहले ही भर जाना चाहिए सालों तक ऐसा ही चला रहा सेहत खराब होती जा रही थी वजन बढ़ता जा रहा था एक बार अमिताभ बच्चन ने इस हालात से बाहर निकालना चाहा उनकी सलाह पर 1990 में अजूबा फिल्म बनाई। लेकिन वह भी बॉक्स ऑफिस पर धराशाही हो गई धीरे-धीरे शशि और ज्यादा शराब में डब गए उनकी दिमागी हालात इतनी ज्यादा खराब होने लगी की वो एक सुबह टहलने निकले तो अपने घर के पास मां होल में ही गिर गए कई हड्डियां टूट गई और 6 मीना तक वह अस्पताल में ही भारती रहे मगर शराब ने उनके सेहत को पूरा खराब कर दिया बहुत पीने की वजह से शशि दोनों किडनी खराब हो गई।

इसके बाद भी वो नहीं मैन जैसे खुद ही अपने अंत को बुला रहे हो किडनी की गंभीर बीमारी से जूझ रहे शशि अंतिम समय में बहुत दर्द में थे उनका समय अस्पताल के चक्कर लगाते हुए बीता करता जिंदगी घर और व्हील चेयर पर सिमट कर र गई बस खाता और शराब पीते फिर एक दिन हार्ट अटैक ए गया और शरीर को लकवा मार गया अंत समय में हालात ये हो गई की वो किसी को पहचानते ही नहीं थे की दुनिया खराब हो गई थी। ऐसे में अस्पताल में डायलिसिस के जारी शरीर की सफाई होती थी साल 2014 में डॉक्टर ने उनकी बाईपास सर्जरी करके जान बचाई थी फिर अचानक शरीर ने साथ देना ही बैंड कर दिया एक दिन वो सांस ही नहीं ले का रहे थे उनको अस्पताल में भारती करवाया गया तो गंभीर इंफेक्शन का पता लगा डॉक्टर ने उनको बहुत बचाने की कोशिश की ।

लेकिन कर दिसंबर 2017 के दिन बॉलीवुड का रोमांटिक स्टार तड़पते हुए मा गया दोस्तों आपको शशि और जेनिफर की कोई फिल्म याद है। Rajesh shivhare country magazine 151168597

 



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