EPaper Join LogIn
एक बार क्लिक कर पोर्टल को Subscribe करें खबर पढ़े या अपलोड करें हर खबर पर इनकम पाये।

ऐ सबा! लौट के किस शहर से तू आती है? तेरी हर लहर से बारूद की बू आती
  • 151143206 - RAKESH 0 0
    31 Jul 2021 23:23 PM



ऐ सबा! लौट के किस शहर से तू आती है? | कैफ़ी आज़मी

ऐ सबा! लौट के किस शहर से तू आती है?
तेरी हर लहर से बारूद की बू आती है!

खून कहाँ बहता है इन्सान का पानी की तरह
जिस से तू रोज़ यहाँ करके वजू आती है?

धाज्जियाँ तूने नकाबों की गिनी तो होंगी
यूँ ही लौट आती है या कर के रफ़ू आती है?

अपने सीने में चुरा लाई है किसे की आहें
मल के रुखसार पे किस किस का लहू आती है!



Subscriber

188805

No. of Visitors

FastMail

VARANASI - काशी आने वाले श्रद्धालुओं के लिए 37 पार्किंग स्थल, VIP से लेकर बसों तक के लिए अलग व्यवस्था     VARANASI - जन्मदिन पर विश्वनाथ धाम पहुंचीं रेखा गुप्ता, देश और दिल्ली की खुशहाली की प्रार्थना